4.4 C
New York
Thursday, Feb 22, 2024
Star Media News
Breaking News
Breaking Newsगुजरातप्रदेश

जिलाधिकारी क्षिप्रा आग्रे ने मोबाइल टीबी स्क्रीनिंग यूनिट वैन को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना

स्टार मीडिया न्यूज ब्यूरो, 
 वलसाड। वलसाड जिलाधिकारी क्षिप्रा एस. आग्रे द्वारा फुजीफिल्म इंडिया और अपोलो टेली हेल्थ एंड इंटरनेशनल एजेंसी द यूनियन के साथ कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सी.एस.आर.) के अंतर्गत डिजिटल एक्स रे वैन वीथ TruNaat मशीन का मोबाइल टीबी स्क्रीनिंग यूनिट वैन को जिला विकास अधिकारी मनीष गुरवानी की उपस्थिति में जिला कार्यालय से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस मोबाइल वैन द्वारा राज्य के वलसाड और बनासकांठा जिलों में टीबी बीमारी की जांच शुरू कर दी गई है। इन दोनों जिलों में 22,000 से अधिक लोगों की स्क्रीनिंग करने का लक्ष्य है। तपेदिक (टीबी) के खिलाफ लड़ाई में एक महत्वपूर्ण कदम में इमेजिंग और डायग्नोस्टिक तकनीक में वैश्विक अग्रणी, फुजीफिल्म इंडिया ने अपनी कॉर्पोरेट सामाजिक जिम्मेदारी (सीएसआर) पहल के हिस्से के रूप में एक अभूतपूर्व मोबाइल टीबी स्क्रीनिंग यूनिट शुरू की है। अत्याधुनिक फुजीफिल्म एफडीआर एक्स-रे हैंडहेल्ड उपकरणों से सुसज्जित मोबाइल टीबी स्क्रीनिंग यूनिट वलसाड और बनासकांठा में छाती का एक्स-रे करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। सटीक और विस्तृत छाती एक्स-रे सुनिश्चित करेगा, जिससे स्वास्थ्य पेशेवरों को अधिक संवेदनशीलता के साथ टीबी के संभावित मामलों का पता लगाने में मदद मिलेगी।
इस डिजिटल एक्स-रे वैन में मरीज की छाती का एक्स-रे के साथ-साथ ट्रूनाट मशीन में बलगम की जांच भी की जा सकेगी। जिसमें एक्स-रे टेक्नीशियन, लैब टेक्नीशियन और अपोलो टेली हेल्थ की टीम होगी। अपोलो हेल्थ की सर्वे टीम द्वारा टी. बी. हाई रिस्क वाले गांवों में घर-घर जाकर सर्वे किया जाएगा और संदिग्ध मरीजों का डिजिटल एक्स-रे वैन में ही एक्स-रे किया जाएगा और आवश्यकता पड़ने पर मरीज के बलगम की जांच ट्रूनाट मशीन में की जाएगी। इन एक्स-रे की रिपोर्ट अपोलो हेल्थ की टेलीहेल्थ परामर्श टीम द्वारा की जाएगी और निदान किए गए रोगियों का इलाज किया जाएगा।
जिले में छाती का एक्स-रे के अलावा गांवों में न्यूक्लिक एसिड एम्प्लीफिकेशन टेस्टिंग (NAAT) भी शामिल होगी। NAAT परीक्षण एक परिष्कृत आणविक निदान तकनीक है जो टीबी निदान की सटीकता को बढ़ाती है। NAAT परीक्षण के साथ छाती के एक्स-रे को जोड़कर, मोबाइल टीबी स्क्रीनिंग यूनिट का लक्ष्य प्रारंभिक चरण में टीबी मामलों की पहचान और निदान करने के लिए एक व्यापक दृष्टिकोण प्रदान करना है। कार्यान्वयन भागीदार अपोलो टेलीमेडिसिन नेटवर्किंग फाउंडेशन (एटीएनएफ) कार्यक्रम के कार्यान्वयन की देखरेख करेगा, यूनियन, कॉर्पोरेट टीबी प्लेज, यूएसएआईडी और अन्य तकनीकी भागीदार इस पहल की सफलता सुनिश्चित करने के लिए अपनी विशेषज्ञता का योगदान देंगे। इस कार्यक्रम में वलसाड के मुख्य जिला स्वास्थ्य अधिकारी के. पी. पटेल, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. हरजीतपाल सिंह और जिला के कॉर्पोरेट क्षेत्र के विभिन्न उद्योगों के प्रतिनिधि, फ़ूजी फिल्म इंडिया की एक टीम, अपोलो हेल्थ की एक टीम भी उपस्थित थी।

Related posts

जिलाधिकारी क्षिप्रा आग्रे द्वारा एसएमएसएम उच्च विद्यालय धरमपुर में आत्मरक्षा प्रशिक्षण प्रारंभ किया गया।

cradmin

विश्व प्रवासी सामाजिक एवम सांस्कृतिक संघ द्वारा आज भव्य आयोजन

starmedia news

मोरारजी देसाई की प्रतिमूर्ति का हो रहा अपमान, शासन-प्रशासन नहीं दे रहा ध्यान

starmedia news

Leave a Comment